बड़वानी~ दिव्यांग महिलाएं बोली अब हम बिना दर्द के घर, आंगन व बाहर जा सकेगे~~

बड़वानी /नेशनल लोक अदालत विधिक सेवा मध्यस्थता का ऐसा मंच है जहां समझौते एवं बकाया राशि में छूट के विभिन्न प्रकरणों के साथ-साथ जरूरतमंद दिव्यांगों को भी लाभान्वित किये जाने के लिए जिला दिव्यांग पुनर्वास केन्द्र से पेरालिगल वालेन्टियर को जोड़ा गया है।
नेशनल लोक अदालत में सामाजिक कार्यकर्ता द्वारकी जमरे के साथ पहुंची सिलावद निवासी दिव्यांग सुश्री श्याणीबाई एवं पखाल्या की सुश्री माईनीबाई जो कि दोनो पैरों से दिव्यांग है। इन दोनो दिव्यांगों का घर से बाहर जाकर कोई काम करना तो दूर घर के अंदर भी चलते-फिरते वक्त घुटनों पर कपड़े बांधकर घर में घूमना पड़ता था।
शनिवार को नेशनल लोक अदालत में जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री रामेश्वर कोठे, कलेक्टर श्री अमित तोमर, पुलिस अधीक्षक श्री विजय खत्री एवं न्यायालय के सभी न्यायाधीशगणों की उपस्थिति में श्याणीबाई को व्हीलचेअर एवं माईनीबाई को ट्रायसिकल प्रदान की गई।
सहयोगी उपकरण पाकर दोनो दिव्यांग महिलाओं ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा “अब हम बिना चुभन व दर्द के घर में व घर के बाहर भी घूम सकेंगे ‘‘।
दिव्यांगों को उपकरण दिलाने में पेरालिगल वाॅलेन्टियर श्रीमती नीता दुबे सहित जिला दिव्यांग पुनर्वास केन्द्र के मणीराम नायडू, दिपेन्द्र पटेल, विकास श्रीवास्तव, अमित भावरे एवं हिमांशु वाबले आदि का सराहनीस सहयोग प्राप्त हुआ।

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