।।  *सुप्रभातम्*  ।।
               ।।  *संस्था  जय  हो*  ।।
        ।।  *दैनिक  राशि  -  फल*  ।।
        आज दिनांक 12 जुलाई 2019 शुक्रवार संवत् 2076 मास  आषाढ़ शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि मध्य रात्रि 12:31 बजे तक रहेगी उपरांत द्वादशी तिथि लगेगी । आज सूर्योदय प्रातः काल 05:41 बजे एवं सूर्यास्त सायं 07:23 बजे होगा । विशाखा नक्षत्र अपराह्न 03:57  बजे तक रहेंगा पश्चात अनुराधा नक्षत्र आरंभ होगा । आज का चंद्रमा प्रातः 09:55 बजे तक तुला राशि में भ्रमण करते हुए वृश्चिक राशि मे प्रवेश करेंगे । आज का राहू काल प्रातः 10:52 से 12:32 बजे तक रहेंगा । दिशाशूल पश्चिम दिशा में रहेंगा यदि आवश्यक हो तो जौ का सेवन कर यात्रा आरंभ करें । जय हो



                -:  *विशेष*  :-

       🌷 *देवशयनी एकादशी* 🌷

*विशेष~ 12 जुलाई 2019 शुक्रवार को एकादशी का व्रत (उपवास) रखें ।*

          युधिष्ठिर ने पूछा : भगवन् ! आषाढ़ के शुक्लपक्ष में कौन सी एकादशी होती है ? उसका नाम और विधि क्या है? यह बतलाने की कृपा करें ।

          भगवान श्रीकृष्ण बोले : राजन् ! आषाढ़ शुक्लपक्ष की एकादशी का नाम ‘शयनी’ है। मैं उसका वर्णन करता हूँ । वह महान पुण्यमयी, स्वर्ग और मोक्ष प्रदान करनेवाली, सब पापों को हरनेवाली तथा उत्तम व्रत है ।

         
आषाढ़ शुक्लपक्ष में ‘शयनी एकादशी’ के दिन जिन्होंने कमल पुष्प से कमललोचन भगवान विष्णु का पूजन तथा एकादशी का उत्तम व्रत किया है, उन्होंने तीनों लोकों और तीनों सनातन देवताओं का पूजन कर लिया ।

          हरिशयनी एकादशी’ के दिन मेरा एक स्वरुप राजा बलि के यहाँ रहता है और दूसरा क्षीरसागर में शेषनाग की शैय्या पर तब तक शयन करता है, जब तक आगामी कार्तिक की एकादशी नहीं आ जाती, अत: आषाढ़ शुक्ल पक्ष की एकादशी से लेकर कार्तिक शुक्ल एकादशी तक मनुष्य को भलीभाँति धर्म का आचरण करना चाहिए ।

          जो मनुष्य इस व्रत का अनुष्ठान करता है, वह परम गति को प्राप्त होता है, इस कारण यत्नपूर्वक इस एकादशी का व्रत करना चाहिए । एकादशी की रात में जागरण करके शंख, चक्र और गदा धारण करनेवाले भगवान विष्णु की भक्तिपूर्वक पूजा करनी चाहिए ।ऐसा करनेवाले पुरुष के पुण्य की गणना करने में चतुर्मुख ब्रह्माजी भी असमर्थ हैं ।

          *राजन् ! जो इस प्रकार भोग और मोक्ष प्रदान करनेवाले सर्वपापहारी एकादशी के उत्तम व्रत का पालन करता है, वह जाति का चाण्डाल होने पर भी संसार में सदा मेरा प्रिय रहनेवाला है । जो मनुष्य दीपदान, पलाश के पत्ते पर भोजन और व्रत करते हुए चौमासा व्यतीत करते हैं, वे मेरे प्रिय हैं । चौमासे में भगवान विष्णु सोये रहते हैं, इसलिए मनुष्य को भूमि पर शयन करना चाहिए ।

          सावन में साग, भादों में दही, क्वार में दूध और कार्तिक में दाल का त्याग कर देना चाहिए । जो चौमसे में ब्रह्मचर्य का पालन करता है, वह परम गति को प्राप्त होता है ।

          राजन् ! एकादशी के व्रत से ही मनुष्य सब पापों से मुक्त हो जाता है, अत: सदा इसका व्रत करना चाहिए । कभी भूलना नहीं चाहिए ।

           ‘शयनी’ और ‘बोधिनी’ के बीच में जो कृष्णपक्ष की एकादशीयाँ होती हैं, गृहस्थ के लिए वे ही व्रत रखने योग्य हैं - अन्य मासों की कृष्णपक्षीय एकादशी गृहस्थ के रखने योग्य नहीं होती । शुक्लपक्ष की सभी एकादशी करनी चाहिए ।
🌺🌻🍀🌹🌼🌸🌷💐

                  *ज्योतिषाचार्य*
          डाँ. पं. अशोक नारायण शास्त्री
         श्री मंगलप्रद् ज्योतिष कार्यालय
245,एम.जी.रोड (आनंद चौपाटी)धार, एम.पी.
                   मो.नं.  9425491351

                   *आज का राशि फल*

          मेष :~ सामाजिक रूप से मान-सन्मान प्राप्त होगा। परंतु मध्याहन के बाद हर प्रकार से आप को संयमित व्यवहार करना पडेगा। नए सम्बंध बनाने से पूर्व विचार करें । खर्च अधिक होगा। आपको नुकसान पहुंचाने वाले हितेषियों से सावधान रहें। 

          वृषभ :~ आज का दिन शुभ फलदायक साबित होगा। निर्धारित कार्य सफलतापूर्वक पूरे होंगे। अधूरे कार्य पूरे होंगे। शारीरिक, मानसिक स्वस्थता बनी रहेगी। आर्थिक लाभ होगा। बीमारी में राहत महसूस होगी। नौकरी पेशावाले वर्ग को नौकरी में लाभ होगा। 

          मिथुन :~ नए कार्य का प्रारंभ न करें । बौद्धिक चर्चाओं के लिए आज का दिन शुभ नहीं है। संतान विषयक चिंता आप को रहेगी। मध्याहन के बाद घर का वातावरण सुखशांति प्रद रहेगा। इसलिए मानसिक रूप से आज प्रफुल्लितता का अनुभव करेंगे। शारीरिक स्वास्थ्य में भी सुधार होगा।

           कर्क :~ आप की हताशा मानसिक और शारीरिक दोनों प्रकार से आप को व्यग्र बनाएगी। संभवतः प्रवास को टाल दें। स्थावर संपत्ति की कार्यवाही को स्थगित करना आप के हित में रहेगा। माता का स्वास्थ्य बिगडेगा। वैचारिक स्तर पर विचलित न हो ।

          सिंह :~ नए कार्य का प्रारंभ कर पाएँगे। विदेश से लाभदायी समाचार मिलने की संभावना अधिक है। पूंजी- निवेश करनेवालों के लिए समय लाभदायी रहेगा। मध्याहन के बाद आप अधिक भावनाशील बनेंगे। इसलिए मन में हताशा की भावना में भी वृद्धि हो सकती है। 

          कन्या :~ किसी भी प्रकार की निर्णयात्मक स्थिति पर न पहुंचने के कारण नए कार्य का प्रारंभ करना उचित नहीं है। आज मौन रहकर दिन बीता देने में ही बुद्धिमानी है, नहीं तो किसी के साथ मनमुटाव का प्रसंग बन सकता है। शारीरिक और मानसिक रूप से स्वास्थ्य मध्यम रहेगा ।

          तुला :~ शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के प्रति ध्यान रखें । नए वस्त्र और आभूषणों को खरीदने के पीछे खर्च अधिक हो सकता है। परंतु मध्याहन के बाद आप की मानसिक रुप से अनिर्णय की स्थिति में रहेंगें। परिवारजनों के साथ जो मतभेद हुए हो उन्हें दूर करें ।

          वृश्चिक :~ मन में उठ रही नकारात्मक भावनाओं पर संयम रखें । कोर्ट- कचहरी की कार्यवाही में संभलकर चले । शारीरिक स्वास्थ्य बिगडने की संभावना है। मध्याहन के पश्चात कार्यपूर्ति होती नज़र आएगी, साथ ही शारीरिक और मानसिक रुप से स्वस्थ महसूस करेंगें। 

          धनु :~ आज का दिन आप की आय में वृद्धि और लाभ देने वाला है । सामाजिक कार्यों में भाग लेने से मन प्रसन्न रहेगा। मान-सम्मान एवं आय में वृद्धि होगी। व्यापार से लाभ होने की संभावना है। अकस्मात से संभलकर चले । शारीरिक स्वास्थ्य बिगडने की संभावना है। आय की अपेक्षा खर्च अधिक होगा। 

          मकर :~ व्यावसायिक क्षेत्र में सफलता मिलेगी। ऊपरी अधिकारी वर्ग आप को प्रोत्साहित करेगा। पदोन्नति के योग हैं। परिवार में वातावरण आनंदपूर्ण रहेगा। सामाजिक तथा आर्थिक क्षेत्र में लाभ होगा। मित्रों से भी लाभ होने की संभावना है।

          कुंभ :~ आज के दिन व्यावसायिक वर्ग संभलकर चले । ऊपरी अधिकारियों के साथ बातचीत करते समय विवेक रखना होगा। संतानों के आरोग्य के विषय में चिंता रहेगी। लंबे समय के प्रवास की योजना आप बना सकेंगे। धार्मिक स्थल की यात्रा होने के संकेत है।

          मीन :~ क्रोध पर संयम बरते । आज गूढ़ विद्या के प्रति आकर्षण रहेगा। सुखमय विषयों में आप को रुचि रहेगी। गहन चिंतन आप के मन को शांति प्रदान करेगा। मध्याहन के बाद समय कुछ अनुकूल होता दिखेगा। बौद्धिक रूप से लेखनकार्य में आप सक्रिय रह पाएंगे। ( डाँ. अशोक शास्त्री  )

।।  शुभम्  भवतु  ।।  जय  सिया राम  ।।
।।  जय  श्री  कृष्ण  ।।  जय  हो,,,,,,,,,।।


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