*झाबुआ~शेरानी परिवार ने सरसी बाई धर्मशाला असहायो के हक में लिखा कलेक्टर को पत्र*~~

*गरीबों के लिए आवंटित की गई सरसी बाई धर्मशाला पर रसूखदार ओं का कब्जा*~~

झाबुआ से दशरथ सिंह कट्ठा की रिपोर्ट~~

झाबुआ - नगर के समाजसेवी द्वरा कई वर्षों पूर्व सरसी बाई धर्मशाला को आजाद चौक मेघनगर में मुसाफिरों के लिए बनवाई गई थी। उस धर्मशाला को ग्राम पंचायत द्वारा  दुकानें बनाकर किराए पर  दे दी गई थी ! मेघनगर के आजाद चौक मैं मुसाफिरों को रुकने बैठने के लिए नगर के माने हुए सेट रसूल शेरानी ने सरसी बाई धर्मशाला का निर्माण करवा कर ग्राम पंचायत को रख रखाव के साथ  मुसाफिरों को पर्याप्त व्यवस्था उपलब्ध कराने के लिए सुपुर्द  की गई थी। लेकिन अब सालो बाद नगर परिषद के कलाकारों ने धर्मशाला व शासकीय भूमि को ध्यान ना देख कर अनदेखा किया जा रहा है जिसका फायदा रसूखदार गरीबों का हक मारकर अवैध कब्जा कर सरकारी लीज जमीन पर निर्माण कार्य कर रहे है।नगर के जागरूक नागरिकों सहित शेरानी परिवार के द्वारा जिला कलेक्टर को एक पत्र लिखकर मांग की गई है कि मेघनगर के आजाद चौक के पास बनी धर्मशाला को यथावत रखते हुए धर्मशाला में अतिक्रमण करने वालों को बेदखल कर यथावत स्थिति में रखा जाए ! और मेघनगर में आने वाले मुसाफिरों के लिए उस धर्मशाला को मुसाफिरों के लिए ही रखी जाए !


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