बड़वानी~हिन्दी पत्रकारिता की रही है सार्थक भूमिका~~

बड़वानी  / आज से 194 वर्ष पहले देष में हिन्दी का पहला साप्ताहिक अख़बार प्रकाषित हुआ था। यह हिन्दी पत्रकारिता की शुरुआत थी। इसका श्रेय है श्री जुगलकिषोर शुक्ल को, जिन्होंने 30 मई, 1826 को देष के पहले हिन्दी समाचार पत्र ‘‘ उदन्त मार्तण्ड ‘’ का पहला अंका प्रकाषित किया था। तब से अब तक हिन्दी पत्रकारिता ने लंबी यात्रा तय की है।
ये बातें शहीद भीमा नायक शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय बड़वानी के स्वामी विवेकानंद कॅरियर मार्गदर्षन प्रकोष्ठ की पुस्तकालय विषेषज्ञ कार्यकर्ता प्रीति गुलवानिया ने हिन्दी पत्रकारिता दिवस के अवसर पर आॅनलाइन जानकारी देते हुए कहीं। ज्ञात हो कि कॅरियर सेल प्राचार्य डाॅ. आर. एन. शुक्ल के मार्गदर्षन में वर्क फ्राम होम के अंतर्गत निरंतर आॅनलाइन कार्यरत हैं।
कॅरियर काउंसलर डाॅ. मधुसूदन चैबे ने कहा कि पत्रकारिता लोकतंत्र का चतुर्थ स्तम्भ होने के नाते बहुत महत्वपूर्ण है। हिन्दी पत्रकारिता ने अपने स्थापना काल से लेकर आज तक सार्थक भूमिका का निर्वाह किया है। भारत की आजादी की लड़ाई में भी पत्रकारिता का अविस्मरणीय योगदान है। उदन्त मार्तण्ड के पुस्तकाकार में प्रकाषित होता था, इसके कुल 79 अंक प्रकाषित हुए। अब हिन्दी पत्रकारिता का फलक विष्वव्यापी हो गया है। कॅरियर सेल के कार्यकर्ताओं प्रीति गुलवानिया, सलोनी शर्मा, किरण वर्मा, राहुल मालवीया, जितेंद्र चैहान, कोमल सोनगड़े, उमेष राठौड़, डाॅ. मधुसूदन चैबे आदि की ओर से सभी को हिन्दी पत्रकारिता दिवस की बधाई।


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