झाबुआ~इंक्रीमेंट रोकने वाले आदेश से घबराए शिक्षकए बोले.......ऐसा है तो अब से स्कूल में हम नहीं पढ़ाएंगे कठिन विषय~~



झाबुआ। संजय जैन~~

प्राचार्य-शिक्षकों को टारगेट रिजल्ट सुधारने के लिए लोक शिक्षण संचालनालय ने जारी किए निर्देशस्कूलों में 9वीं से 12वीं तक परीक्षाफल सुधारने के नए फरमान से शिक्षकों में घबराहट की स्थिति बन गई है। वे कठिन विषयों को पढ़ाने से अब डर रहे हैं। वे बोल रहे हैं कि ऐसा है तो अब से स्कूल में कठिन विषयों को नहीं पढ़ाएंगे। लोक शिक्षण संचालनालय ने चेतावनी दी है कि कक्षा 9वीं में 59 प्रतिशत,10वीं में 64 प्रतिशत,11वीं में प्रतिशत व 12वीं में प्रतिशत से कम रिजल्ट दिया तो शिक्षक व प्राचार्यों की एक-एक वेतन वृद्धि रोक ली जाएगी। इससे भी कम रिजल्ट दिया तो विभागीय कार्यवाही के लिए भी तैयार रहें।






नए टारगेट दिए हैं......
सत्र 2020-21 में रिजल्ट सुधारने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग ने अपने तौर तरीकों में खासा बदलाव किया है। विभाग ने उत्कृष्टए मॉडल सहित सभी स्कूलों के शिक्षकों और प्राचार्यों को अगले सत्र के लिए पिछले साल के राज्य के औसत रिजल्ट को आधार बनाकर नए टारगेट दिए हैं। इसमें 10वीं का रिजल्ट 64 और 12वीं का 73 फीसदी से ज्यादा लाने को कहा गया है। 






टारगेट पूरा कर लिया तो सम्मान में प्रशस्ति पत्र मिलेगा....
लक्ष्य पूरा करने वाले जेडीए डीईओए प्राचार्यों व शिक्षकों को सम्मानित करेंगे। हिंदी एवं संस्कृत के शिक्षकों को ए प्लस और ए ग्रेड के विद्यार्थियों के टारगेट पूर्ति के आधार पर प्रशस्ति पत्र देंगे। 






प्रक्रिया की डेडलाइन भी तय....
हाईस्कूल एवं हायर सेकंडरी स्कूलों के विषय के शिक्षकों व प्राचार्यों को टारगेट के मुताबिक प्रक्रिया पूरी करने के लिए 25 जनवरी की डेड लाइन तय की गई है। इसके लिए फार्मेट भी भेजा है।






निर्देशों का पालन कराएंगे....
लोक शिक्षण आयुक्त से 9वीं से 12वीं तक के रिजल्ट में सुधार लाने और नहीं आने पर कार्रवाई के निर्देश मिले हैं। शिक्षक व प्राचार्यों से निर्देश का पालन कराया जाएगा।
..................जीपी ओझा-प्रभारी डीईओ-झाबुआ।




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