खेतिया~ लगभग 300 वर्षों से जारी है मंगलकामनाओं की यह परंपरा*~~

खेतिया से राजेश नाहर~~

खेतिया दक्षिण पश्चिम खानदेश का यह हिस्सा जो मध्य प्रदेश में स्थित है जहां कई वर्षों से परंपरागत रूप से चेत्र नवरात्रि की पंचमी पर विशेष मेले का आयोजन गांव पंच ट्रस्ट खेतिया के तत्वावधान में होता है इसी तारतम्य में लगातार दो दिनों से यात्राएं निकाली जा रही है जिसमें  रथ में बैलों को जोतकर  रथ को शहर के श्री हनुमानजी मंदिर, श्री राम मंदिर, माता मंदिर से  होकर शहर के मुख्य मार्गो से गुजर कर पुनः खेतिया के अति प्राचीन हनुमान मंदिर ले जाया जाता है। दक्षिण पश्चिम खानदेश की यह परंपरा 300 वर्षों से अधिक समय से अब तक जारी है जहां यह तीन दिवसीय  उत्सव मनाया जाता है जिसके चलते रात्रि जागरण हेतु विशेष नृत्य नाटिका ओं का आयोजन जिसे किसी जमाने में तमाशे के रूप में जाना जाता था , जो अब सामान्य परंपराओं का निर्वहन करते हैं। मध्य प्रदेश महाराष्ट्र की सीमा पर बसे  खेतिया शहर में स्वतंत्रता के पूर्व से ही  गांव पंच ट्रस्ट खेतिया द्वारा शहर की पेयजल व साफ-सफाई की व्यवस्था की जाती रही जो धीरे-धीरे लोकतंत्रात्मक प्रणाली के चलते गांव पंच ट्रस्ट की अपनी गतिविधियां संचालित होती वहीं शहर की तमाम व्यवस्थाएं नगर पंचायत परिषद खेतिया के विश्वास पर हैं। गांव पंच ट्रस्ट द्वारा गांव के उत्थान और विकास के लिए गांव पंच के अधीन भूमि को नीलामी कर अन्य किसानों को कृषि कार्य हेतु दिया जाता है जिसके बदले प्राप्त होने वाली आय से उनकी गतिविधियां संचालित होती है जो शहर के हित में होती है पहले यह आयोजन बहुत बड़े स्तर पर होता था लेकिन अब परंपराओं का निर्वहन यहां नागरिकों द्वारा किया जा रहा है। अनेक वरिष्ठ नागरिकों का मानना है इस आयोजन के माध्यम से आने वाले साल के लिए कृषकों की खुशहाली और शहर के विकास की कल्पना साकार होते दिखाई देती जिसे हम हमारी माता का आशीर्वाद मान करके पूरे वर्ष पर निभाते परंपराओं की यह कड़ी अटूट बनी रहे इसी विश्वास के साथ परंपरागत आयोजन यहां पर किया जा रहा है।
बाईट- गांव पंच ट्रस्ट के सदस्य
खेतिया से राजेश नाहर


Share To:

Post A Comment: